काशीपुर: नगर निगम काशीपुर में “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” के समर्थन में और विपक्षी दलों की भूमिका के विरोध में निंदा प्रस्ताव पारित किया गया। इस प्रस्ताव में विपक्ष द्वारा अधिनियम के विरोध को महिलाओं की भावनाओं के खिलाफ बताया गया।
महापौर ने विपक्ष पर साधा निशाना
महापौर दीपक बाली ने कहा कि विपक्ष ने देश की आधी आबादी यानी मातृशक्ति का अपमान किया है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी इस संदेश को घर-घर तक पहुंचाएगी और जब तक नारी शक्ति वंदन अधिनियम पूरी तरह लागू नहीं हो जाता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।
कार्यक्रम का शुभारंभ और भाजपा नेताओं के बयान
नगर निगम सभागार में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए पार्षद एवं भाजपा प्रदेश मंत्री गुरविंदर सिंह चंडोक ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा महिलाओं को सम्मान और न्याय दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों ने संसद में लाए गए इस महत्वपूर्ण विधेयक का विरोध कर इसे पारित होने से रोकने का प्रयास किया, जो निंदनीय है।
महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में अहम कदम
महापौर दीपक बाली ने प्रस्ताव पढ़ते हुए कहा कि “नारी शक्ति वंदन अधिनियम” महिलाओं को राजनीति में उचित प्रतिनिधित्व दिलाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि भाजपा हमेशा से नारी शक्ति के सम्मान और सशक्तिकरण के पक्ष में रही है।
26 पार्षदों ने लिया संकल्प
नगर निगम के 40 में से 26 पार्षदों ने इस प्रस्ताव का समर्थन करते हुए संकल्प लिया कि वे इस मुद्दे को जन-जन तक पहुंचाएंगे और महिलाओं के अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखेंगे।
प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करने वालों में महापौर दीपक बाली के अलावा पार्षद बीना नेगी, संजय शर्मा, अनिल कुमार, सीमा सागर, सतीश कुमार, अनुज सिंह, कुलदीप शर्मा, अभिषेक, अंजना, ममता कुमारी, गुंजन प्रजापति, प्रिंस बाली, संदीप सिंह, मनोज कुमार (जग्गा), पुष्कर सिंह बिष्ट, गुरविंदर सिंह चंडोक, शिवांश गोले, सीमा टंडन, सुरेश कुमार सैनी, दीपा पाठक, विजय कुमार, मयंक मेहता, वैशाली गुप्ता, अशोक कुमार सैनी, अनीता कांबोज और रवि कुमार शामिल रहे।
















Leave a Reply